January 10, 2026 11:06 am

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Kajari Teej 2024: पहली बार कर रही हैं कजरी तीज का व्रत, तो जरूर रखें इन बातों का ध्यान

Kajari Teej Puja: हिंदू पंचांग के अनुसार, कजरी तीज का व्रत हर साल भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि पर किया जाता है। कई स्थानों पर कजरी तीज को कज्जली तीज या सातुड़ी तीज के नाम से भी जाता है। इस दिन मुख्य रूप से भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा-अर्चना की जाती है। साथ ही इस दिन पर नीमड़ी माता के भी उपासना करने का भी विधान है।

कजरी तीज शुभ मुहूर्त (Kajari Teej 2024 Muhurat)

भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि का प्रारम्भ 21 अगस्त, 2024 को शाम 05 बजकर 06 मिनट पर हो रहा है। वहीं इस तिथि का समापन 22 अगस्त, 2024 को दोपहर 01 बजकर 46 मिनट पर होगा। ऐसे में उदया तिथि के अनुसार, कजरी तीज का व्रत गुरुवार, 22 अगस्त को किया जाएगा।

इस विधि से करें पूजा (Kajari Teej Puja vidhi)

कजरी तीज व्रत के दिन ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान आदि से निवृत हो जाएं और निर्जला व्रत करने का संकल्प करें। इसके बाद पूजा स्थल की साफ-सफाई करने के बाद एक चौकी पर लाल या पीले रंग का कपड़ा बिछाएं। अब इस चौकी पर भगवान शिव और माता पार्वती की मूर्ति या चित्र स्थापित करें।

इस दिन शिव-पार्वती की मूर्ति मिट्टी से बनाने का भी विधान है। इसके बाद गौरी-शंकर की विधि-विधि पूर्वक पूजा करें। माता गौरी को 16 शृंगार की सामग्री अर्पित करें। साथ ही भगवान शिव को बेलपत्र, दूध, गंगा जल आदि अर्पित करें। इसके बाद कजरी तीज की कथा का पाठ करें। रात में चंद्र देव की पूजा कर उन्हें अर्घ्य दें और इसके बाद अपना व्रत खोलें।

अशुभ मानी जाती हैं ये चीजें

कजरी तीज के दिन व्रत करने वाली महिलाओं को सफेद और काले रंग के वस्त्र पहनने से बचना चाहिए। ऐसा करना अशुभ माना जाता है। इस दिन मुख्य रूप से हरे, पीले और लाल रंग के कपड़े पहनने शुभ माने जाते हैं। वहीं व्रत के दिन महिलाओं को हाथों में मेहंदी जरूर लगानी चाहिए। साथ ही हाथ में चूड़ियां भी जरूर पहननी चाहिए, क्योंकि इस दिन खाली हाथ रखना अशुभ माना जाता है।

इन बातों का रखें ध्यान

कजरी तीज व्रत के दिन महिलाओं को अपने पति से लड़ाई-झगड़ा नहीं करना चाहिए। इस दिन किसी का अपमान न करें और न ही किसी से अपशब्द कहें। इस दिन गुस्सा आदि करने से भी बचना चाहिए, वरना इससे व्रत का पूर्ण फल प्राप्त नहीं होता।

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